भारत-फिलिपिन्स के बीच ब्रह्मोस मिसाइल पर करार, चीन की नाक में करेगा दम

फिलीपींस एक ऐसा देश है जो एशिया महादेश के दक्षिण-पूर्व में स्थित है। इस देश का आधिकारिक नाम फिलीपींस गणतंत्र है तथा इसकी राजधानी मनीला है। 4 जुलाई 1946 को अमेरिका ने फिलीपींस को स्वतंत्र घोषित कर दिया। दूसरे विश्व युद्ध के बाद आज़ादी हासिल करने वाला यह पहला राष्ट्र बना। भारत और फिलीपींस दोनों ही चीन के पड़ोसी देश है तथा काफी हद तक दोनों ही देश आर्थिक रूप से चीन के ऊपर निर्भर करते है। अगर हाल की बात करे तो भारत और फिलीपींस के बीच रक्षा, राजनीति तथा आर्थिक मामलो में करीबी सम्बन्ध जुड़ते नजर आ रहे है।

Brahmos_Missile_Between_India_And_Philippines

ब्रह्मोस कम दूरी मारक क्षमता वाली एक आधुनिक मिसाइल है यह मिसाइल कम दूरी पर सही निशाना टारगेट करती है इनका 100% मारक क्षमता है अगर इसके राडार में कोई आता है तो बचकर निकलना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन है। इसे पनडुब्बी से , पानी के जहाज से विमान से या जमीन से कहीं से भी छोड़ा जा सकता है। रूस की NPO Mashinostroeyenia तथा भारत की DRDO ने संयुक्त रूप से विकसित किया है। ब्रह्मोस मिसाइल हवा में ही मार्ग बदल लेने में सक्षम है तथा चलते फिरते लक्ष्य को भेद सकती है। इसे वर्टिकल l या सीधे कैसे भी प्रक्षेपक से दागा जा सकता है।

आहार बात की जाए नए version में मिसाइल की रेंज 290 km से बढ़कर 400 km हो गयी है. इसकी रफ़्तार 2.7 मैक हैजो ध्वनि की रफ़्तार से तीन गुना है। यह मिसाइल हवा के विपरीत अपना कार्य करती है तथा यह अपनी ऊर्जा एक नयी तकनीक जिसका नाम है रैमजेट तकनीक की मदद से तैयार करती है। अभी भारत के पास एक से बढ़कर एक प्रक्षेपात मिसाइल है भारत तेजी से आधुनिक प्रक्षेपात की और अग्रसर हो रहा है।

दक्षिण चीन सागर में चीनी ड्रैगन की दादागिरी से परेशान फिलीपींस भारत से ब्रह्मोस मिसाइल खरीद रहा ताकि चीन को सबक सीखा सके। विशेषज्ञों के अनुसार ब्रह्मोस के बारूद से लैस फिलीपींस की सेना अब चीन का करारा जवाब दे सकेगी। भारत और फिलीपींस के बीच ब्रह्मोस मिसाइल समेत अन्य रक्षा उपकरणों की पूर्ति हेतु समझौते पर हस्ताक्षर हुए है। इस मिसाइल के जरिए फिलीपींस अपने तटीय इलाको की रक्षा करने में सक्षम हो जायेगा। इस डील को लेकर काफी लम्बे समय से वार्ता जारी थी।

आर्म्स एक्सपोर्टर बनने की दिशा भारत ने अपना कदम बढ़ाया है और उसका पहला ग्राहक बना है फिलीपींस भारत और फिलीपींस के बीच हुआ ये करारनामा भारत के लिहाज से ऐतिहासिक और मैत्रीपूर्ण विदेश नीति को बढ़ावा देनेवाला साबित होगा।